Swadesh Prem/ Desh Prem par Nibandh/ Sare Jahan Se Achchha Hindustan Hamara Nibandh/स्वदेश-प्रेम / देश-प्रेम या सारे जहां से अच्छा हिंदुस्तान हमारा पर निबंध



 स्वदेश-प्रेम/देश-प्रेम 
या
 सारे जहाँ से अच्छा हिंदोस्तां हमारा

[रूपरेखा (i) प्रस्तावना, (ii) देश-प्रेम की स्वाभाविकता (iii) देश-प्रेम का अर्थ, (iv) देश-प्रेम का क्षेत्र, (v) देश के प्रति कर्त्तव्य, (vi) भारतीयों का देश-प्रेम, (vii) उपसंहार।]

  प्रस्तावना - ईश्वर द्वारा बनायी गयी सर्वाधिक अद्भुत रचना है 'जननी', जो निःस्वार्थ प्रेम की प्रतीक है, प्रेम का ही पर्याय है, स्नेह की मधुर वयार है, सुरक्षा का अटूट कवच है, संस्कारों के पौधों को ममता के जल से सींचने वाली चतुर उद्यान रक्षिका है, जिसका नाम प्रत्येक शीश को नमन के लिए झुक जाने को प्रेरित कर देता है। यही बात जन्मभूमि के विषय में भी सत्य है। इन दोनों का दुलार जिसने पा लिया, उसे स्वर्ग का पूरा-पूरा अनुभव धरा पर ही हो गया। इसीलिए जननी और जन्मभूमि की महिमा को स्वर्ग से भी बढ़कर बताया गया है।


  देश-प्रेम की स्वाभाविकता - प्रत्येक देशवासी को अपने देश से अनुपम प्रेम होता है। अपना देश चाहे बर्फ से ढका हुआ हो, चाहे गर्म रेत से भरा हुआ हो, चाहे ऊँची-ऊँची पहाड़ियों से घिरा हुआ हो, वह सबके लिए प्रिय होता है। इस सम्बन्ध में रामनरेश त्रिपाठी की निम्नलिखित पंक्तियाँ द्रष्टव्य हैं-


विषुवत् रेखा का वासी जो, जीता है नित हाँफ-हाँफ कर।
रखता है अनुराग अलौकिक, वह भी अपनी मातृभूमि पर ।। 
ध्रुववासी जो हिम में तम में, जी लेता है काँप-काँप कर । 
वह भी अपनी मातृभूमि पर, कर देता है प्राण निछावर ॥

   प्रातःकाल के समय पक्षी भोजन-पानी के लिए कलरव करते हुए दूर स्थानों पर चले तो जाते हैं, परन्तु सायंकाल होते ही एक विशेष उमंग और उत्साह के साथ अपने-अपने घोसलों की ओर लौटने लगते हैं। जब पशु-पक्षियों को अपने घर से, अपनी मातृभूमि से इतना प्यार हो सकता है तो भला मानव को अपनी जन्मभूमि से, अपने देश से क्यों प्यार नहीं होगा? कहा भी गया है कि माता और जन्मभूमि की तुलना में स्वर्ग का सुख भी तुच्छ है-

जननी जन्मभूमिश्च स्वर्गादपि गरीयसी ।

   देश-प्रेम का अर्थ-देश-प्रेम का तात्पर्य है :- देश में रहने वाले जड़-चेतन सभी से प्रेम, देश की सभी झोंपड़ियों, महलों तथा संस्थाओं से प्रेम, देश के रहन-सहन, रीति-रिवाज, वेशभूषा से प्रेम, देश के सभी धर्मों, मतों, भूमि, पर्वत, नदी, वन, तृण, लता सभी से प्रेम और अपनत्व रखना, उन सबके प्रति गर्व की अनुभूति करना। सच्चे देश-प्रेमी के लिए देश का कण-कण पावन और पूज्य होता है-

सच्चा प्रेम वही है, जिसकी तृप्ति आत्मबलि पर हो निर्भर।
त्याग बिना निष्प्राण प्रेम है, करो प्रेम पर प्राण निछावर ।। 
देश-प्रेम वह पुण्य क्षेत्र है, अमल असीम त्याग से विलसित । 
आत्मा के विकास से, जिसमें मानवता होती है विकसित ॥


   सच्चा देश-प्रेमी वही होता है, जो देश के लिए निःस्वार्थ भावना से बड़े-से-बड़ा त्याग कर सकता है। स्वदेशी वस्तुओं का स्वयं उपयोग करता है और दूसरों को उनके उपयोग के लिए प्रेरित करता है। सच्चा देशभक्त उत्साही, सत्यवादी, महत्त्वाकांक्षी और कत्र्तव्य की भावना से प्रेरित होता है।

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   देश-प्रेम का क्षेत्र :- देश-प्रेम का क्षेत्र अत्यन्त व्यापक है। जीवन के किसी भी क्षेत्र में काम करने वाला व्यक्ति देशभक्ति की भावना प्रदर्शित कर सकता है। सैनिक युद्ध-भूमि में प्राणों की बाजी लगाकर, राज-नेता राष्ट्र के उत्थान का मार्ग प्रशस्त कर, समाज-सुधारक समाज का नवनिर्माण करके, धार्मिक नेता मानव-धर्म का उच्च आदर्श प्रस्तुत करके, साहित्यकार राष्ट्रीय चेतना और जन-जागरण का स्वर फूंककर, कर्मचारी, श्रमिक एवं किसान निष्ठापूर्वक अपने दायित्व का निर्वाह करके, व्यापारी मुनाफाखोरी व तस्करी का त्याग कर अपनी देशभक्ति की भावना को प्रदर्शित कर सकता है। संक्षेप में, सभी को अपना कार्य करते हुए देशहित को सर्वोपरि समझना चाहिए।


   देश के प्रति कर्त्तव्य :- जिस देश में हमने जन्म लिया है, जिसका अन्न खाकर और अमृत के समान जल पीकर, सुखद वायु का सेवन कर हम बलवान् हुए हैं, जिसकी मिट्टी में खेल-कूदकर हमने पुष्ट शरीर प्राप्त किया है, उस देश के प्रति हमारे अनन्त कर्त्तव्य हैं। हमें अपने प्रिय देश के लिए कर्त्तव्यपालन और त्याग की भावना से श्रद्धा, सेवा एवं प्रेम रखना चाहिए। हमें अपने देश की एक इंच भूमि के लिए तथा उसके सम्मान और गौरव के लिए प्राणों की बाजी लगा देनी चाहिए। यह सब करने पर भी जन्मभूमि या अपने देश के ऋण से हम कभी भी उऋण नहीं हो सकते।


  भारतीयों का देश-प्रेम :- भारत माँ ने ऐसे असंख्य नर-रत्नों को जन्म दिया है, जिन्होंने असीम त्याग भावना से प्रेरित होकर हँसते-हँसते मातृभूमि पर अपने प्राण अर्पित कर दिये। कितने ही ऋषि-मुनियों ने अपने तप और त्याग से देश की महिमा को मण्डित किया है तथा अनेकानेक वीरों ने अपने अद्भुत शौर्य से शत्रुओं के दाँत खट्टे किये हैं। वन-वन भटकने वाले महाराणा प्रताप ने घास की लेटियाँ खाना स्वीकार किया, परन्तु मातृभूमि के शत्रुओं के सामने कभी मस्तक यहाँ चुकाया। शिवाजी ने देश और मातृभूमि की सुरक्षा के लिए गुफाओं में छिपकर शत्रु से टक्कर ली और रानी लक्ष्मीबाई ने महलों के सुखों को त्यागकर शत्रुओं से लोहा लेते हुए वीरगति प्राप्त की। भगतसिंह, चन्द्रशेखर आजाद, राजगुरु, सुखदेव, अशफाक उल्ला आदि न जाने कितने देशभक्तों ने विदेशियों की अनेक यातनाएँ सहते हुए मुख से 'वन्देमातरम्' कहते हुए हँसते-हँसते फाँसी के फन्दे को चूम लिया।


 उपसंहार :- खेद का विषय है कि आज हमारे नागरिकों में देश-प्रेम की भावना अत्यन्त दुर्लभ होती जा रही है। नयी पीढ़ी का विदेशों से आयातित वस्तुओं और संस्कृतियों के प्रति अन्धाधुन्ध मोह, स्वदेश के बजाय विदेश में जाकर सेवाएँ अर्पित करने के सजीले सपने वास्तव में चिन्ताजनक हैं। हमारी पुस्तकें भले ही राष्ट्र-प्रेम की गाथाएँ पाठ्य-सामग्री में सँजोये रहें, परन्तु वास्तव में नागरिकों के हृदय में गहरा व सच्चा राष्ट्र-प्रेम ढूँढ़ने पर भी उपलब्ध नहीं होता। हमारे शिक्षाविदों व बुद्धिजीवियों को इस प्रश्न का समाधान ढूँढ़ना ही होगा। अब मात्र उपदेश या अतीत के गुणगान से वह प्रेम उत्पन्न नहीं हो सकता। हमें अपने राष्ट्र की दशा व छवि अनिवार्य रूप से सुधारनी होगी।

प्रत्येक देशवासी को यह ध्यान रखना चाहिए कि उसके देश भारत की देशरूपी बगिया में राज्यरूपी अनेक क्यारियाँ हैं। किसी एक क्यारी की उन्नति एकांगी उन्नति है और सभी क्यारियों की उन्नति देशरूपी उपवन की सर्वांगीण उन्नति है। जिस प्रकार एक माली अपने उपवन की सभी क्यारियों की देखभाल समान भाव से करता है उसी प्रकार हमें भी देश का सर्वांगीण विकास करना चाहिए।

स्वदेश-प्रेम मनुष्य का स्वाभाविक गुण है। इसे संकुचित रूप में ग्रहण न कर व्यापक रूप में ग्रहण करना चाहिए। संकुचित रूप में ग्रहण करने से विश्व-शान्ति को खतरा हो सकता है। हमें स्वदेश-प्रेम की भावना के साथ-साथ समग्र मानवता के कल्याण को भी ध्यान में रखना चाहिए।

👉(महाशिवरात्रि पर निबंध के नमूने 10 लाइन, 100 शब्द, 200 शब्द,500 शब्द में)

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महाशिवरात्रि पर निबंध के नमूने 10 लाइन, 100 शब्द, 200 शब्द,500 शब्द में

     शिवरात्रि को हम महाशिवरात्रि भी कहते हैं। यह हिंदुओं का बहुत बड़ा त्यौहार माना जाता है। इस त्यौहार को हिंदू पंचांग के अनुसार प्रतिवर्ष दो बार मनाया जाता है। पहली बार शिवरात्रि फागुन के माह में कृष्ण चतुर्थी को मनाई जाती है। और दूसरी बार महाशिवरात्रि कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को मनाई जाती है। फाल्गुन महीने में मनाए जाने वाली शिवरात्रि माता पार्वती और महादेव के विवाह के उत्सव के रूप में मनाई जाती है। इसे रोमन कैलेंडर (अंग्रेजी कैलेंडर) के अनुसार फरवरी या मार्च के महीने में मनाया जाता है। इस बार वर्ष 2025 में फागन महीने की महाशिवरात्रि 26 फरवरी 2025 को मनाई जाएगी। विद्यार्थियों को परीक्षा में कई बार शिवरात्रि पर निबंध लिखने के लिए दिया जाता है। इसलिए हमने इस लेख के माध्यम से 10 पंक्तियों की, 100 शब्द के, 200 शब्दों के और 500 शब्दों के निबंध के कुछ नमूने यहां दिए हैं। जिससे विद्यार्थी लाभान्वित हो सकते हैं तो चलिए शुरू करते हैं ....

👉 कक्षा 5 के लिए सामान्य ज्ञान प्रश्नोत्तरी

नमूना  (1)

"महाशिवरात्रि "पर निबंध

(10 पंक्तियों में /10 Line)

  1. शिवरात्रि हिंदुओं का एक महत्वपूर्ण पर्व है, जो ग्रेगोरियो कैलेंडर (अंग्रेजी कैलेंडर ) के अनुसार फरवरी या मार्च में मनाया जाता है।
  2. यह त्यौहार भगवान शिव और माता पार्वती के विवाह का उत्सव है।
  3. ऐसा माना जाता है कि महाशिवरात्रि की रात्रि को भगवान शिव ने दुनिया को बचाने के लिए विष का पान किया था। 
  4. इसी रात भगवान शिव ने अपना पवित्र नृत्य 'तांडव' भी किया था । 
  5. शिवरात्रि पर भक्त उपवास करते हैं और भगवान शिव की पूजा आराधना करते हैं। 
  6. भक्त पूरी रात जागरण करते हैं। इसमें पूरी रात भक्तों द्वारा  संगीत और नृत्य चलता रहता है ।
  7. मंदिरों को फूलों और रोशनी से सजाया जाता है और भक्त इस दिन सारा दिन 'ॐ नमः शिवाय' का जाप करते हैं ।
  8. इस दिन दूध, शहद, घी और जल से शिवलिंग का पवित्र अभिषेक किया जाता है। 
  9. इस दिन भगवान शिव के विवाह की बारात की शोभायात्रा निकाली जाती है, जिसमें भक्तगण भूत-प्रेत, पिशाच, नाग, गंधर्व आदि का रूप धारण करते हैं। 
  10. यह त्यौहार भक्तों को अनुशासन और भक्ति का पाठ सिखाता है।

नमूना (2) 100 शब्दों में 

"महाशिवरात्रि "पर निबंध

   हिंदू धर्म को मानने वाले लोग महाशिवरात्रि को शिव के उत्सव के रूप में मानते हैं। यह पर्व रात्रि को भजन, कीर्तन आदि करके मनाई जाती है। और भक्त भगवान शिव की आराधना भी करते हैं। महाशिवरात्रि पर भक्त भगवान शिव की भक्ति में पूरे दिन का उपवास भी रखते हैं। शिवरात्रि में उपवास का बहुत महत्व है। व्रत मनुष्य को अंदर से शुद्ध करता देता है। इससे मनुष्य ईश्वर की आराधना में अधिक बेहतर तरीके से ध्यान लगाने में सक्षम होता है या ध्यान लगा पता है। 

    पौराणिक कथाओं के अनुसार ऐसी मान्यता है कि शिवरात्रि को भगवान शिव का विवाह माता पार्वती के साथ हुआ था। रात के समय भगवान शिव की बारात के रूप में शोभा यात्रा भी निकाली जाती है। भगवान शिव सभी प्राणियों और जीवन के देवता माने जाते हैं। इसलिए भगवान शिव के भक्त विभिन्न जीवों और पशुओं आदि का रूप धारण कर मस्ती में नाचते गाते हुए भगवान शिव की बारात निकलती हैं। ऐसा कहा जाता है कि भगवान शिव की विवाह में भयंकर जीव जैसे जहरीले सांप और बिच्छू आदि भी गए थे। इसलिए भगवान शिव के भक्त उनकी भक्ति में वैसे ही रूप धारण कर लेते हैं और भव्य बारात शोभायात्रा निकालते हैं। 


👉 कक्षा 5 के लिए सामान्य ज्ञान प्रश्नोत्तरी

नमूना (2) 200 शब्दों में 

"महाशिवरात्रि "पर निबंध

  महाशिवरात्रि को हिंदू धर्म के लोग बड़े धूम-धाम से मनाते हैं। यह त्यौहार हिंदुओं के प्रमुख त्योहारों में से एक है। इसे प्रतिवर्ष फाल्गुन मास के कृष्ण पक्ष के त्रयोदशी को मनाया जाता है। इस दिन भगवान भोलेनाथ अर्थात शिव की पूजा की जाती है। और शिवभक्त भगवान शिव के लिए सारा दिन व्रत भी रखते हैं।

   शिवरात्रि के दिन शिवभक्त भगवान शिव को अपने हृदय में या मंदिर में स्थाई रूप से विराजमान करने के लिए रात में जागते हैं। और रात भर भगवान शिव की आराधना करते हैं। शिवभक्तों में ऐसी मान्यता है कि उनके व्रत एवं उपवास से प्रसन्न होकर भगवान उन्हें आशीर्वाद देते हैं। इस महत्वपूर्ण पर्व पर लोग भगवान शिव के साकार और निराकार दोनों स्वरूपों की अद्वितीयता को समझने का प्रयास करते हैं। महाशिवरात्रि का पावन पर्व हमें त्याग, समर्पण और आत्मा की शुद्धता के लिए प्रेरित करता है। 

  इस प्रकार यह अद्वितीय पर्व न केवल धार्मिक भावनाओं से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह मानव को शांति, समृद्धि और समर्थन के भाव से मुक्त भी करता है।

  महाशिवरात्रि के दिन लोग अपने जीवन की बुराइयों से मुक्ति पाने का संकल्प लेते हैं। वे योग और ध्यान के माध्यम से मानवता की सेवा करने का प्रयास करते हैं। इस दिन कई स्थानों पर सामाजिक और धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है। यह आयोजन समृद्धि, समर्थन और एकता को बढ़ावा देते हैं। लोग एक दूसरे के साथ मिलजुल कर संगीत, नृत्य और पूजा में भाग लेते हैं। इससे सामाजिक सहयोग को बढ़ावा मिलता है। 

  महाशिवरात्रि का पवित्र व्रत हमें अर्थात शिव भक्तों को धार्मिकता और मानवता के मूल्य के प्रति समर्पित रहने की जिम्मेदारी की याद दिलाता है। यह एक सांस्कृतिक और आध्यात्मिक आयोजन होता है, जो लोगों को अपने आत्म शुद्धि के लिए प्रेरित करता है। 


नमूना (3) 500 शब्दों में 

"महाशिवरात्रि "पर निबंध

प्रस्तावना :- महाशिवरात्रि हिंदु धर्म का एक बड़ा धार्मिक महोत्सव है जिसे हिंदू धर्म के प्रमुख देवता महादेव अर्थात शिव जी और माता पार्वती के विवाह के रूप में मनाया जाता है। महाशिवरात्रि का पावन पर्व प्रतिवर्ष फाल्गुन मास में कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी को मनाया जाता है। इस दिन शिवभक्त एवं भगवान शिव में श्रद्धा रखने वाले लोग शिवरात्रि का व्रत और उपवास रखते हैं। इसके अलावा विशेष रूप से भगवान शिव की पूजा आराधना करते हैं। 

  शिव विवाह के इस त्यौहार का नाम कैसे शिवरात्रि पड़ा ?

   शिवपुराण ग्रंथ के अनुसार भगवान शंकर अर्थात शिव सभी जीव-जंतुओं के स्वामी एवं अधिनायक माने जाते हैं। ये सभी जीव-जंतु, कीट-पतंग और असुर आदि भगवान शिव की इच्छा से ही सब प्रकार के कार्य तथा व्यवहार किया करते हैं। 

  शिवपुराण में ऐसा बताया गया है कि भगवान शिव वर्ष में 6 माह कैलाश पर्वत पर रहकर तपस्या में लीन रहते हैं। उनके साथ ही सभी कीड़े-मकोड़े भी अपने बील में बंद हो जाते हैं। उसके बाद के 6 महीने भगवान कैलाश पर्वत से उतरकर धरती पर शमशान घाट में निवास करते हैं। ऐसा माना जाता है कि भगवान शिव जी का आगमन धरती पर "प्राय फागुन मास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि को हुआ करता है।" यह महान दिन शिव-भक्तों में महाशिवरात्रि के नाम से जाना जाता है। 

  महाशिवरात्रि से जुड़ी पौराणिक मान्यताएं :- महाशिवरात्रि को लेकर भगवान शिव से जुड़ी कई मान्यताएं प्रचलित हैं। ऐसा माना जाता है कि इस दिन ही ब्रह्मा के रूद्र रूप में मध्य रात्रि को भगवान शंकर का अवतरण हुआ था। वही यह भी मानता है कि इसी दिन भगवान शिव ने तांडव नृत्य कर अपना अपना तीसरा नेत्र खोला था और ब्रह्मांड को इस नेत्र की ज्वाला से समाप्त किया था। इसके अलावा कई स्थानों पर ऐसी मान्यता है कि इस दिन को भगवान शिव के विवाह से भी जोड़ा जाता है और यह माना जाता है कि इसी पावन दिन भगवान शिव और माॅं पार्वती का विवाह भी हुआ था।

  महाशिवरात्रि पर्व का महत्व :- वैसे तो प्रत्येक माह में एक शिवरात्रि होती है, परंतु फागुन माह की कृष्ण चतुर्दशी को आने वाली इस शिवरात्रि का अत्यंत महत्व है। इसलिए इसे महाशिवरात्रि कहा जाता है। वास्तव में महाशिवरात्रि भगवान भोलेनाथ की आराधना का ही पर्व है। जब धर्म प्रेमी शिव भक्त लोग महादेव का विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना करते हैं और उनसे आशीर्वाद ग्रहण करते हैं। इस दिन संसार के सभी शिव-मंदिरों में बड़ी संख्या में शिव भक्तों की भीड़ उड़ती है, जो शिव के दर्शन और पूजन कर स्वयं को सौभाग्यशाली मानते हैं। इस पावन पर्व पर भगवान शिव के शिवलिंग पर विभिन्न पवित्र वस्तुओं से पूजन एवं अभिषेक किया जाता है। इस दौरान शिवलिंग पर बेलपत्र, धतूरा, अबीर, गुलाल, बेल, बेर आदि फल-फूल अर्पित किया जाता है। ऐसा माना जाता है कि भगवान शिव को भांग बेहद प्रिय है। इसीलिए कई लोग उन्हें भांग भी चढ़ाते हैं। दिन भर व्रत रखकर पूजा करने के बाद संध्या के समय फलाहार किया जाता है। 

  उपसंहार :- इस प्रकार महाशिवरात्रि के दिन जो व्यक्ति दया भाव दिखाते हुए शिवजी की पूजा करते हैं। उन्हें मोक्ष प्राप्त होता है। वैसे भी भगवान शिवजी को भोलेनाथ कहा जाता है। जो जल्द ही प्रसन्न हो जाते हैं। भारत देश में हर्षोल्लास के साथ महाशिवरात्रि मनाया जाता है और भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए शिवभक्त मन लगाकर पूजा अर्चना करते हैं।

  👉 कक्षा 5 के लिए सामान्य ज्ञान प्रश्नोत्तरी

नमूना (4) 500 शब्दों में 

"महाशिवरात्रि "पर निबंध

 प्रस्तावना :- महाशिवरात्रि भारतीय (हिंदू) समाज में एक महत्वपूर्ण त्योहार माना जाता है, जो प्रतिवर्ष फाल्गुन मास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी को मनाया जाता है। यह त्योहार भगवान शिव की आराधना के लिए अर्पित होता है। इसे भक्तगण बड़े ही श्रद्धा भाव से मनाते हैं, और भगवान शिव की उपासना में व्रत रखते हैं। कहा जाता है कि माता पार्वती ने भगवान शिव को बहुत कठिन तप के बाद प्राप्त किया था, तथा इस दिन भगवान शिव और माता पार्वती का विवाह भी हुआ था। इसलिए इस दिन स्त्रियां भी व्रत रखकर भगवान शिव का आशीर्वाद प्राप्त करती हैं और भगवान शिव जैसा वर पाना चाहती हैं।

  महाशिवरात्रि त्यौहार का महत्व :- हम यहाॅं महाशिवरात्रि त्योहार के महत्व को निम्नलिखित पंक्तियों में देख सकते हैं -

  • इस व्रत के द्वारा हम भगवान शिव की भक्ति में लीन हो जाने का अवसर पाते हैं। 
  • इस महाशिवरात्रि की योग और आध्यात्मिक परंपराओं का महत्व भी बहुत है क्योंकि इसमें आध्यात्मिक सृजन के लिए संभावनाएं भी विद्यमान हैं। आधुनिक विज्ञान के अनेक चरणों से होते हुए यह मनुष्य को विशेष आध्यात्मिक अनुभूति प्रदान करता है। 
  • महाशिवरात्रि महीने का सबसे अंधकारपूर्ण दिन होता है। प्रत्येक महीने शिवरात्रि का उत्सव ऐसा लगता है। मानो हम अंधकार का उत्सव मना रहे हैं। शिवरात्रि मनुष्य के भीतर के अंधकार को खत्म करने के लिए उसे भगवान शिव से जोड़ने का काम करता है। यदि हम सही मायने में देखें तो एकमात्र वस्तु जो हर स्थान पर उपस्थित हो सकता है। वह ईश्वर ही है। महाशिवरात्रि हमें स्वयं को उसी ऊर्जा से जोड़ने का अवसर प्रदान करता है।
  • महाशिवरात्रि से जुड़ी कई पौराणिक कथाएं प्रचलित हैं, जो इस त्यौहार को विशेष बनती हैं। उनमें से एक कथा के अनुसार संसार के प्रलय के समय इस सृष्टि को बचाने के लिए भगवान शिव ने हलाहल अर्थात विष पी लिया था। इससे उनका गला नीला पड़ गया था और इसीलिए उन्हें नीलकंठ भी कहा जाता है। महाशिवरात्रि त्यौहार का एक और महत्वपूर्ण महत्व यह भी है कि इसी दिन भगवान शिव ने सृष्टि का संरक्षण करने का प्रण लिया था। इसके अलावा इस दिन भगवान शिव नीलकंठ कहलआए थे। उन्होंने विष का सेवन मानव और देवताओं को बचाने के लिए किया।   

    महाशिवरात्रि से जुड़ी सामाजिक और आध्यात्मिक पहलू :- महाशिवरात्रि का त्यौहार आध्यात्मिक साहस और सामाजिक एकता का प्रतीक माना जाता है। इसे ध्यान, तप और नीति का त्योहार भी माना जाता है। इसे लोग सकारात्मकता का प्रतीक मानते हैं। इस पावन पर्व पर समृद्धि, सामूहिक एकता और सेवा भाव को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विभिन्न स्थान पर कई प्रकार के समारोह का आयोजन भी किया जाता है। 

  उपसंहार :- अंत में हम यही कह सकते हैं कि महाशिवरात्रि एक ऐसा अद्वितीय पर्व या अनुष्ठान है जो भक्तों को आध्यात्मिक और सामाजिक समृद्धि की दिशा की ओर अग्रसर करने में विशेष महत्व रखता है। यह एक सच्ची भक्ति और आराधना का उत्सव है। महाशिवरात्रि का महत्व भारतीय संस्कृति में बहुत गहरा है। इसे लोग बड़ी श्रद्धा से मानते हैं। इस पर्व के माध्यम से हमें अपनी सांस्कृतिक समृद्धि का अनुभव होता है। हम एक-दूसरे से अपने मन के विचार बाटते हैं। महाशिवरात्रि के दिन लोग अपनी आत्मा की शुद्धि का अनुभव करते हैं, और भगवान शिव को पाने का संकल्प लेते हैं।

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   इस त्यौहार के माध्यम से हम यह सीखते हैं कि जीवन में सफलता के लिए समर्थन, तप और समर्पण की आवश्यकता होती है। भक्तों की भावना से प्रसन्न होकर भगवान शिव उनको आशीर्वाद देते हैं। इस प्रकार लोगों का आपस में भक्ति-भाव का आदान-प्रदान करना जीवन को महत्वपूर्ण बना देता है 

  इस प्रकार महाशिवरात्रि हमें एक सकारात्मक दृष्टिकोण से जीवन को देखने का दृष्टिकोण देता है। यह उत्सव हमें योग और आध्यात्मिक रूप से ऊपर उठने और विभिन्न ऊॅंचाइयाॅं प्राप्त करने के लिए प्रेरित भी करता है। हमें अपने अंदर के अहम अर्थात घमंड और ईर्ष्या को समाप्त करके ईश्वर पर ध्यान लगाना चाहिए। हम चाहे तो भगवान शिव से भी बहुत कुछ सीख सकते हैं। जिस प्रकार भगवान शिव ने पूरे विश्व के कल्याण के लिए विष (जहर) पी लिया था और अपनी चिंता नहीं की थी। उसी प्रकार हमें भी केवल अपने ही बारे में न सोचकर समाज की भलाई के बारे में सोचना चाहिए। और जितना हो सके सामाजिक परोपकार के कार्य करते रहना चाहिए।

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कक्षा 6 सामान्य ज्ञान 200+ प्रश्नोत्तरी / Class 6 GK QUIZ in Hindi

कक्षा 6 के लिए 
सामान्य ज्ञान (GK QUIZ)
प्रश्नोत्तरी 


  1. हमारे देश का नाम क्या है ? -भारत, {इसके अलावा - भारत वर्ष, आर्यावर्त, इंडिया (INDIA)}
  2. भारत किस महाद्वीप में स्थित है ? - एशिया महाद्वीप
  3. देश का प्रथम नागरिक कौन होता है ? -  राष्ट्रपति
  4. देश का दूसरा नागरिक कौन होता है ? -  उपराष्ट्रपति
  5. देश का तीसरा नागरिक कौन होता है ? - प्रधानमंत्री
  6. हमारे देश (भारत) की राजधानी कहां है ? - नई दिल्ली 
  7. नई दिल्ली के पहले भारत की राजधानी कहां थी ? - कोलकाता
  8. भारत का पेरिस किस शहर को कहा जाता है ? - जयपुर को
  9. भारत के प्रथम प्रधानमंत्री कौन थे ? - पंडित जवाहरलाल नेहरू 
  10. हमारे देश के प्रथम राष्ट्रपति कौन थे ? - डॉ राजेंद्र प्रसाद 
  11. भारत की आधिकारिक भाषाएं क्या है ? - हिंदी और अंग्रेजी 
  12. भारत का राष्ट्रीय पशु कौन सा है ? - बाघ 
  13. भारत का राष्ट्रीय पक्षी कौन सा है ? - मोर 
  14. भारत में जनसंख्या की दृष्टि से सबसे बड़ा राज्य कौन है ? -  उत्तर प्रदेश 
  15. भारत की राष्ट्रीय नदी कौन सी है ? - गंगा नदी 
  16. भारत की मुद्रा क्या है ? - भारतीय रूपया 
  17. भारत का राष्ट्रीय धरोहर पशु क्या है ? - हाथी 
  18. भारत की राष्ट्रीय सब्जी क्या है ? ---- कद्दू  
  19. भारत का राष्ट्रीय खेल क्या है ? - हॉकी 
  20. भारत के किस स्थान को उगते हुए सूर्य की भूमि कहा जाता है ? - अरुणाचल प्रदेश
  21. भारत की सबसे लंबी नदी कौन सी है ? - गंगा नदी 
  22. भारत के किस स्थान को धरती के स्वर्ग के रूप में जाना जाता है ?  - कश्मीर को 
  23. किस त्यौहार को प्रकाश उत्सव के रूप में भी जाना जाता है ?  - दीपावली या दिवाली को   
  24. विश्व में सबसे बड़ा महाद्वीप कौन सा है ? - एशिया महाद्वीप
  25. शिक्षक दिवस कब मनाया जाता है ? - 5 सितंबर को 
  26. भारत का राष्ट्रीय जलीय जीव कौन सा है ? - गंगा डॉल्फिन 
  27. भारत का राष्ट्रीय फल कौन सा है ? - आम 
  28. भारत का राष्ट्रीय फूल कौन सा है ? - कमल 
  29. भारत का राष्ट्रीय पेड़ कौन सा है ? - बरगद 
  30. भारत का राष्ट्रीय भोजन क्या है ? - खिचड़ी
  31. भारत का राष्ट्रीय मिठाई क्या है ? - जलेबी
  32. भारत के राष्ट्रीय झंडे की लंबाई और चौड़ाई में अनुपात कितनी है ? - 2:3  
  33. भारत का राष्ट्रीय गान कौन सा है ? - जन गण मन ...
  34. भारत का राष्ट्रीय गान किसने लिखा ? - रविंद्र नाथ टैगोर ने 
  35. भारत का राष्ट्रीय गीत कौन सा है ? - वंदे मातरम 
  36. भारत का राष्ट्रीय गीत किसने लिखा - बंकिम चंद्र चटर्जी
  37. दुनिया का सबसे ऊंचा पर्वतमाला कौन सा है ? - एवरेस्ट 
  38. भारतीय ध्वज का नाम क्या है ? - तिरंगा 
  39. हमारे राष्ट्रीय ध्वज में कितने रंग होते हैं ? - 3+1  
  40. अशोक चक्र में कितनी तीलियां होती हैं ? - 24 
  41. राष्ट्रीय ध्वज को किसने डिजाइन किया है ? - पिंगली वेंकैया ने 
  42. भारत का सबसे लंबा राष्ट्रीय राजमार्ग कौन सा है ? - एन एच 44 (NH 44)
  43. भारत का सबसे बड़ा राज्य कौन सा है ? - राजस्थान 
  44. भारत का सबसे छोटा राज्य कौन सा है ? - गोवा 
  45. भारत ने ग्रेट ब्रिटेन से स्वतंत्रता कब प्राप्त की थी ? - 15 अगस्त 1947 को 
  46. भारत के राष्ट्रपिता कौन हैं ? - महात्मा गांधी 
  47. हम स्वतंत्र दिवस कब मनाते हैं ? - 15 अगस्त को 
  48. हम गणतंत्र दिवस कब मनाते हैं ? - 26 जनवरी को 
  49. हम शिक्षक दिवस कब मनाते हैं ? 5 सितंबर को 
  50. हम गांधी जयंती कब मनाते हैं ? 2 अक्टूबर को 
  51. हम बाल दिवस कब मनाते हैं ? - 14 नवंबर को 
  52. विश्व का सबसे अधिक जनसंख्या वाला देश कौन सा है ? - भारत (जनसंख्या के हिसाब से भारत दुनिया का सबसे ज़्यादा आबादी वाला देश बन चुका है। अप्रैल 2023 में भारत की आबादी 1,42,57,75,850 थी। जबकि, चीन की आबादी 142.57 करोड़ थी।)
  53. अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस कब मनाया जाता है ? - 8 मार्च को
  54. दुनिया में दूसरा सबसे अधिक जनसंख्या वाला देश कौन सा है ? - चीन 
  55. भारत में किस राज्य को धान का कटोरा कहा जाता है ? - आंध्रपदेश, छत्तीसगढ़
  56. भारत के लिए देश कोड और क्षेत्र कोड क्या है ? - +91 
  57. दुनिया में सबसे बड़ा लोकतंत्र देश कौन सा है ? - भारत 
  58. भारत की सबसे बड़ी झील कौन सा है ? - वुलर झील 
  59. भारत का सबसे ऊंचा पर्वत कौन सा है ? - कंचनजंगा 
  60. भारत का सबसे लंबा समुद्री किनारा कौन सा है ? - मरीना बीच (चेन्नई) 
  61. भारत का सर्वोच्च पुरस्कार कौन सा है ? - भारत रत्न 
  62. भारत की सबसे लंबी सुरंग कौन सी है ? - जवाहर सुरंग 
  63. भारत का सबसे ऊंचा बांध कौन सा है ? - टिहरी बांध 
  64. भारत का सबसे लंबा बांध कौन सा है ? हीराकुंड बांध 
  65. भारत और विश्व में सबसे छोटा डेल्टा कौन सा है ? -  सुंदरबन डेल्टा
  66. स्वर्ण मंदिर कहां स्थित है ? - अमृतसर 
  67. चारमीनार कहां स्थित है ? - हैदराबाद 
  68. कुतुब मीनार कहां स्थित है ? - दिल्ली 
  69. गेटवे ऑफ इंडिया कहां स्थित है ? - मुंबई 
  70. इंडिया गेट कहां स्थित है ? - नई दिल्ली 
  71. ताजमहल कहां स्थित है ? - आगरा 
  72. सबसे प्राचीन वेद कौन सा है ? - ऋग्वेद  
  73. मानव शरीर में कितनी हड्डियां होती हैं ? -  206  को  
  74. एक दिन में कितने घंटे होते हैं ? - 24 घंटे 
  75. एक कैलेंडर वर्ष में कितने दिन होते हैं ? - 365 दिन (लीप वर्ष में 366 दिन )
  76. फरवरी के महीने में कितने दिन होते हैं ? - 28 या 29 दिन  
  77. सूर्य के सबसे नजदीक कौन सा ग्रह है ? -  बुद्ध (mercury) 
  78. सबसे छोटा ग्रह कौन सा है  ? - बुद्ध (mercury) 
  79. सबसे बड़ा ग्रह कौन सा है ?  - बृहस्पति (Jupiter)
  80. पृथ्वी का एकमात्र प्राकृतिक उपग्रह का नाम - चंद्रमा (Moon)
  81. पृथ्वी पर सबसे तेज चलने वाला जानवर कौन सा है ? -  चीता 
  82. 1 वर्ष में कितने सप्ताह होते हैं ? -  52 
  83. अंग्रेजी वर्णमाला में कितने अक्षर होते हैं ? -  26 
  84. किस जानवर को जंगल का राजा कहा जाता है ? -  शेर को 
  85. बर्फ से बने घर को क्या कहते हैं ? -  इग्लू 
  86. पृथ्वी के सबसे नजदीक तारा कौन सा है ? -  सूर्य 
  87. पृथ्वी का एकमात्र प्राकृतिक उपग्रह कौन सा है ? - चंद्रमा
  88. पृथ्वी पर सबसे लंबी नदी कौन सी है ? -  नील नदी
  89. तीन सामान भुजाओं वाली बंद आवृत्ति को क्या कहते हैं ? - समबाहु त्रिभुज 
  90. किस देश को उगते सूरज की भूमि कहा जाता है ? -  जापान को 
  91. संविधान लिखने वाला सबसे पहला देश कौन है ? - अमेरिका
  92. कौन सी नदी समय के साथ अपना रंग बदलती है ? - कोलंबिया की 'कैनो क्रिस्टल्स रीवर'
  93. संसार का सबसे बड़ा जानवर कौन सा है ? -  ब्लू व्हेल 
  94. किस ग्रह को लाल ग्रह के रूप में भी जाना जाता है ? -  मंगल ग्रह को 
  95. पृथ्वी का सबसे ऊंचा जानवर कौन सा है ? -  जिराफ 
  96. विश्व का सबसे बड़ा सागर कौन सा है ? -  प्रशांत महासागर 
  97. एक सदी में कितने वर्ष होते हैं ? -  100 वर्ष 
  98. किस महाद्वीप में केवल एक ही देश है ? -  ऑस्ट्रेलिया 
  99. सबसे छोटा महाद्वीप कौन सा है ? -  ऑस्ट्रेलिया 
  100. संसार का सबसे छोटा महादेश कौन सा है ? -  वेटिकन सिटी 
  101. क्षेत्रफल के हिसाब से सबसे बड़ा देश कौन सा है ? -  रूस 
  102. ओलंपिक खेलों का आयोजन कितने वर्षों के बाद होता है ? -  4 वर्ष 
  103. एल•पी•जी• गैस में क्या होता है ? -  प्रोपेन और ब्यूटेन गैस 
  104. रामायण ग्रंथ के रचयिता कौन हैं ? -महर्षि वाल्मीकि
  105. महाभारत ग्रंथ के रचयिता कौन हैं ? -महर्षि वेदव्यास
  106. भगवान श्री गणेश जी ने किस ग्रंथ को अपने हाथों से लिखा है ?  -  महाभारत
  107. 1 किलो बाइट में कितने बाइट होते हैं? - 1024 बाइट 
  108. सबसे तेज गति से कार्य करने वाला कंप्यूटर क्या कहलाता है ? -सुपर कप्यूटर
  109.  कंप्यूटर के जिस भाग को हम छू नहीं सकते क्या कहलाता है ? - सॉफ्टवेयर
  110. कंप्यूटर के जी भाग को हम छू सकते हैं क्या कहलाता है ? -हार्डवेयर
  111. सीपीयू (CPU) का फुल फॉर्म क्या है ? -सेंट्रल प्रोसेसिंग यूनिट
  112. रैम (RAM) का फुल फॉर्म क्या है ? - रैंडम एक्सेस मेमोरी
  113. रोम (ROM) का फुल फॉर्म क्या है ? - रीड ओनली मेमोरी
  114. एम•बी• (MB) का फुल फॉर्म क्या है ? - मेगाबाइट
  115. तृतीय जेनरेशन कंप्यूटर में किस तकनीक का प्रयोग किया गया है ? - इंटीग्रेटेड सर्किट  
  116. पवन चक्की के घूमने का कारण क्या है ? -पवन (वायु)
  117. वायु में नाइट्रोजन की प्रतिशतता लगभग कितनी है ? - 78%
  118. ओजोन परत का चरण वायुमंडल में उपस्थित किस गैस के कारण होता है ? - क्लोरोफ्लोरो कार्बन
  119. स्वसन तथा दहन मे वायु में से क्या प्रयुक्त होती है ? - ऑक्सीजन 
  120. सूर्य के प्रकाश से कौन सा विटामिन प्राप्त होता है ? -  विटामिन D 
  121. पौधों के पत्तों का रंग हरा क्यों होता है ? - पर्णहरित या क्लोरोफिल के कारण
  122. पौधे द्वारा सूर्य के प्रकाश में भोजन बनाने की प्रक्रिया क्या कहलाती है ? - प्रकाश संश्लेषण
  123. पौधे प्रकाश संश्लेषण क्रिया में क्या बनाते हैं ? - अपना भोजन - ग्लूकोस
  124. अस्पताल में रोगियों को कृत्रिम श्वसन देने के लिए कौन सी गैस दी जाती है ? - ऑक्सीजन
  125. किया गया कार्य किस पर निर्भर करता है? - बल तथा विस्थापन पर
  126. शरीर को ऊर्जा किस से प्राप्त होती है ? - भोजन से 
  127. प्रकाश की उपस्थिति में किस प्रकार के पौधे भोजन बनाते हैं ? - हरे पौधे जिनमें पर्णहरित पाया जाता है
  128. बादलों के गर्जन में कौन सी ऊर्जा होती है ? - ध्वनि ऊर्जा 
  129. वाष्प इंजन का आविष्कार किसने किया था ? - जेम्स वाट ने 
  130. एमकेएस (MKS) पद्धति में कार्य का मात्रक क्या है ? -  जूल
  131. SI पद्धति में कार्य का मात्रक क्या है ? -  जूल
  132. सीजीएस सिस्टम में कार्य का मात्रक क्या है ? - अर्ग
  133. प्रकाश किस पद पर चलती है ? -  सरल रेखीय पथ पर
  134. डायमंड रिंग किस ग्रहण में बनती है ? - पूर्ण सूर्य ग्रहण में
  135. प्रकाश की छाल किस माध्यम में अधिकतम होती है ?  - निर्वात में
  136. स्वयं प्रकाश उत्पन्न करने वाली वस्तुएं क्या कहलाती हैं ?  - दीप्त वस्तु
  137. जो वस्तुएं स्वयं प्रकाश उत्पन्न नहीं करती वे क्या कहलाती हैं ?  - अदीप्त वस्तु
  138.  जब चंद्रमा, सूर्य और पृथ्वी के बीच में आ जाती है वह स्थिति क्या हलाता है ? ,-  सूर्य ग्रहण
  139. जब पृथ्वी, चंद्रमा और सूर्य के बीच में आ जाती है, वह स्थिति क्या कहलाती है ? - चंद्र ग्रहण
  140. वाहन की दूरी किससे मापी जाती है ? - ओडोमीटर (पथगामी) द्वारा
  141. वेग का SI मात्रक क्या होता है ? - मीटर/सेकंड
  142. 1 दिन में कितने घंटे होते हैं ? - 24 घंटे
  143. किसी वस्तु द्वारा तय किए गए पथ की लंबाई क्या कहलाती है ? - दूरी
  144. किसी वस्तु की प्रारंभिक स्थिति और अंतिम स्थिति के बीच की न्यूनतम दूरी क्या कहलाती है ? - विस्थापन
  145. किसी वस्तु द्वारा एकांक समय में चली गई दूरी उसे वस्तु की क्या कहलाती है ? - चाल (चाल = दूरी/समय)
  146. किसी वस्तु द्वारा अलग समय में हुए विस्थापन को क्या कहते हैं ? - वेग (वेग = विस्थापन/समय)
  147. 1 हैकटेयर कितना मीटर के बराबर होता है ? - 10,000 वर्ग मीटर 
  148. मानव शरीर का सामान्य ताप कितना सेल्सियस होता है ? - 36⁰ C
  149. बालू घड़ी की सहायता से किसका मापन किया जाता है ? - समय का
  150. एक कुंटल में कितने किलोग्राम होते हैं ? - 100 किलोग्राम
  151. एक घन मीटर में कितना लीटर होता है ? - 1000 लीटर
  152. 1 मीटर कितने हेक्टोमीटर के बराबर होता है ? - 1/100 हेक्टोमीटर या 0.01 हेक्टोमीटर
  153. विश्व शौचालय दिवस कब मनाया जाता है ? - 19 नवम्बर 
  154. गीले कचरे के लिए किस रंग के कूड़ेदान का प्रयोग करना चाहिए ? - हरा रंग का
  155. दालें किस पोषक पदार्थ का प्रमुख स्रोत है ? - प्रोटीन
  156. एक बच्चे के मसूड़े में सूजन है और दांत से खून भी आता है इस बच्चे को कौन सा रोग हो सकता है? - स्कर्वी रोग
  157. विटामिन A की कमी से कौन सा रोग होता है ? - रतौंधी
  158. विटामिन B की कमी से कौन सा रोग होता है ? - बेरी-बेरी
  159. विटामिन C की कमी से कौन सा रोग होता है ? - स्कर्वी
  160. विटामिन D की कमी से कौन सा रोग होता है ? - रिकेट्स (सूखा रोग)
  161. विटामिन E की कमी से कौन सा रोग होता है ? - पक्षाघात (पैरालिसिस)
  162. विटामिन K की कमी से कौन सा रोग होता है ? - रुधिर स्राव
  163. अतः कंकाल किसे बना होता है ? - अस्थियों एवं उपस्थियों से
  164. मनुष्य के गुर्दे का भार कितना होता है ? - 125 ग्राम
  165. छूकर अक्षरों को पहचानने की पद्धति को क्या कहते हैं ? - ब्रेल पद्धति
  166. सूक्ष्मजीवों को देखने के लिए हम किसकी सहायता लेते हैं ? - सूक्ष्मदर्शी की
  167. वयस्क स्वस्थ व्यक्ति का हृदय 1 मिनट में कितनी बार धड़कता है ? - 72 बार
  168. शरीर के विभिन्न भागों में रक्त रुधिर को पंप कौन करता है ? - हृदय 
  169.  मनुष्य किसकी सहायता से श्वसन क्रिया करते हैं ? - फेफड़ों की सहायता स
  170. हृदय के दो मुख्य अक्ष क्या कहलाते हैं ? - अलिंद तथा निलय
  171. वातावरण में होने वाले परिवर्तनों का अनुभव हमें किस होता है ? - ज्ञानेंद्रियों द्वारा
  172. हमारे शरीर में रक्त चने का कार्य कौन करता है ? - वृक या किडनी
  173. अंबा किसकी सहायता से गमन करता है ? - कूटपाद
  174. वायुमंडल में कार्बन डाइऑक्साइड गैस कितनी प्रतिशत है ? - 0.03%
  175. वायुमंडल में नाइट्रोजन गैस कितने प्रतिशत है ? - 78%
  176. वायुमंडल में आर्गन गैस कितने प्रतिशत है ? - 0.97%
  177. वायुमंडल में ऑक्सीजन गैस कितनी प्रतिशत है ? - 21%
  178. किस प्रकार के पौधे की लंबाई सबसे कम होती है ? - शाक
  179. पौधों में सामान्यतः श्वसन किसके द्वारा होती है ? - पर्णरन्ध्र द्वारा
  180. पौधे के मिट्टी के अंदर के भाग को क्या कहते हैं ? - जड़
  181. पौधे के मिट्टी के ऊपर के भाग को क्या कहते हैं ? - तना
  182. मछली सामान्यतः किसके द्वारा सांस लेती हैं ? - गिल्स के द्वारा 
  183. मेंढक कहां रहता है ? - जल तथा स्थल दोनों में
  184.  जल तथा स्थल दोनों में रहने वाले जंतु को क्या कहते हैं ? - उभयचर जंतु
  185. पक्षियों की अस्थियां कैसी होती हैं ? - खोखली
  186. जूट के रेशे पौधों के किस भाग से प्राप्त होते हैं ? - तना से
  187. सूती वस्त्र किससे बनता है ? - कपास से
  188. कोयला किस प्रकार का इंधन है ? - जीवाश्म ईंधन
  189. जल से बालू पृथक करने की विधि कौन सी है ? - तलछटीकरण और निथारना
  190. जलवाष्प का द्रव में बदलना क्या कहलाता है ? - संघनन (Condensation)
  191. जल का वाष्प में बदलना क्या कहलाता है ? - वाष्पन
  192. वाष्पीकरण तथा संगठन की सहायता से शुद्ध द्रव प्राप्त करने की क्रिया क्या कहलाती है ? - आसवन
  193. परमाणु के अवयवीकरण क्या है ? - इलेक्ट्रॉन, प्रोटॉन तथा न्यूट्रॉन
  194. हमारे शरीर में पदार्थ की कौन सी अवस्था सबसे अधिक मात्रा में पाई जाती है ? - द्रव (जल)
  195. अगरबत्ती की सुगंध किसके कारण पूरे कमरे में फैल जाती है  - विसरण के कारण
  196. आपके घर में कौन सी ऐसी वस्तु है जो तीनों भौतिक अवस्थाओं में देखी जा सकती है ? - जल 
  197. जल में घुलनशील पदार्थ क्या कहलाती है ? - विलेय
  198. नासा का पूरा नाम क्या है ? - राष्ट्रीय वोमानिकी एवं अंतरिक्ष प्रशासन (National Aeronautics and Space Administration)
  199. नासा की स्थापना कब और कहां हुई ? - 29 जुलाई 1958 अमेरिका के वॉशिंगटन डीसी में
  200. नासा का मुख्य उद्देश्य क्या है ?  - अंतरिक्ष अनुसंधान 
  201. चंद्रमा पर पहुंचने वाले सबसे पहले अंतरिक्ष यान का नाम क्या था ? - अपोलो कमान्ड माड्यूल 
  202. चंद्रमा पर पहुंचने वाले सबसे पहले अंतरिक्ष यात्री का नाम क्या था ? -  नील आर्मस्ट्रांग
  203. सूर्य से निकलने वाली पराबैंगनी किरणों से हमारी रक्षा कौन करता है ? -ओजोन परत 
  204. इस्लाम धर्म का संस्थापक कौन था ? - पैगंबर मोहम्मद
  205. मोहम्मद गजनबी ने भारत पर कितनी बार आक्रमण कया ? - 17 बार
  206. दिल्ली सल्तनत का वास्तविक संस्थापक किसे माना जाता है ? - इल्तुतमिश 
  207. 'अढ़ाई दिन का झोपड़ा' किसने बनवाया था ? - कुतुबुद्दीन ऐबक 
  208. 40 गुलाम (तुर्की) सरदारों का सगठन किस शासक ने बनाया ? - शमसुद्दीन इल्तुतमिश

































भगवान श्री राम के पूर्वज कौन थे / भगवान राम के पूर्वज का नाम

  भगवान श्री राम हिंदू धर्म के प्रमुख देवताओं में से एक हैं, जो भगवान विष्णु के सातवें अवतार माने जाते हैं। भगवान श्री राम का जन्म त्रेतायुग में अयोध्या के सूर्यवंशी राजा महाराज दशरथ और रानी कौशल्या के घर में हुआ था। भगवान श्री राम के तीन भाई - भरत, लक्ष्मण और शत्रुघ्न भी थे। अपने भाइयों में वे सबसे बड़े थे। वे ऐसे ही देवता नहीं कहलाये, बल्कि अपने गुण, मर्यादा और आदर्श स्थापित करने के कारण लोगों ने उन्हें भगवान बना दिया। रामायण के रचयिता महर्षि वाल्मीकि ने अपने काव्य 'रामायण' में भगवान राम के जीवन की छोटी से छोटी घटना को विस्तार से वर्णन किया है। भगवान श्री राम को पुरुषों में उत्तम "मर्यादा पुरुषोत्तम" कहा जाता है। क्योंकि उन्होंने अपने जीवन भर सत्य, प्रेम, कर्तव्य और धर्म का पालन किया। उनके जीवन के आदर्शों से हमें अपने समाज और परिवार के सथ कैसा व्यवहार किया जाए का ज्ञान प्राप्त होता है और समाज परिवार के प्रति अपनी जिम्मेदारी को निभाने की प्रेरणा प्राप्त होती है। भगवान राम का विवाह देवी सीता से हुआ था जो मिथिला के नरेश राजा जनक की पुत्री थीं। 
  आज इस ब्लॉग को लिखने का मुख्य उद्देश्य आपको भगवान श्री राम और रामायण से परिचित कराना है जो इस प्रकार हैं - 


 भगवान राम के पुर्वज कौन थे ?

उत्तर :- श्री राम के पुर्वजों के नाम

भगवान राम के पूर्वजों के नाम इस प्रकार हैं :-
भगवान श्री राम के पिता दशरथ 
दशरथ के पिता अज 
अज के पिता नाभाग 
नाभाग के पिता अयाति 
अयाति के पिता नहुष 
नहुष के पिता अम्बरीष 
अम्बरीष के पिता प्रशुश्रक
पृशुश्रक के पिता मरू
मरू के पिता शीघ्रम 
शीघ्रम के पिता अग्निवर्ण 
अग्निवर्ण के पिता सुदर्शन 
सुदर्शन के पिता शंखण 
शंखण के पिता प्रवृद्ध 
प्रवृद्ध के पिता रघु  
( राजा रघु महा प्रतापी होने के कारण आगे के वंशज रघुकुल के कहलन लगे। और यहीं से यह कहावत भी शुरू हुई है कि "रघुकुल रीत सदा चली आई, प्राण जाइ पर वचन न जाई।" )
रघु के पिता ककुत्स्थ 
ककुत्स्थ के पिता भगीरथ  
(भगीरथ ने ही स्वर्ग से गंगा को पृथ्वी पर लाने का श्रेय जाता था। )
भगीरथ के पिता दिलीप 
दिलीप के पिता अंशुमान 
अंशुमान के पिता असमंज 
असमंज के पिता सगर 
सगर के पिता असित 
असित के पिता भरत 
भरत के पिता ध्रुवसन्धि 
ध्रुवसन्धि के पिता सुसन्धि 
सुसन्धि के पिता मान्धाता 
मान्धाता के पिता युवनाश्व 
युवनाश्व के पिता धुन्धुमार 
धुन्धुमार के पिता त्रिशंकु 
त्रिशंकु के पिता पृथु 
पृथु के पिता अनरण्य 
अनरण्य के पिता बाण 
बाण के पिता विकुक्षि 
विकुक्षि के पिता कुक्षि 
कुक्षि के पिता इक्ष्वाकु 
इक्ष्वाकु के पिता वैवस्वतमनु 
वैवस्वतमनु के पिता विवस्वान 
विवस्वान के पिता कश्यप 
कश्यप के पिता मरीचि 
मरीचि के पिता ब्रह्मा।       
















इकाई 4 भौतिक तथा रासायनिक परिवर्तन कक्षा 7 अभ्यास कार्य पुस्तिका विज्ञान भारती ।।

कक्षा 7 अभ्यास कार्य पुस्तिका 
विज्ञान भारती ।।
इकाई 4
भौतिक तथा रासायनिक परिवर्तन


1. अपने दैनिक जीवन में अनुभव किये जाने वाले कुछ परिवर्तनों के पहले एवं परिवर्तन के पश्चात की रिखति को लिखिए
उत्तर :- 

2 रासायनिक परिवर्तनों में नया पदार्थ बनता है। इस प्रकार के परिवर्तन में पदार्थ की पूर्व स्थिति को प्राप्त नहीं किया जा सकता है। अपने दैनिक जीवन के अनुभव के आधार पर निम्नलिखित तालिका में पदार्थों के कारक व परिवर्तन के पूर्व तथा बाद की स्थिति का सही मिलान करिए - 
उत्तर :- 

3 दिए गए कथनों में से असत्य कथनों को छाँटकर उन्हें सही कीजिए-
(a) कागज को छोटे-छोटे टुकड़ों में बॉट देना रासायनिक परिवर्तन नहीं है।
उत्तर:- ...........सत्य...................
(b) पत्तियों से खाद बनना एक भौतिक परिवर्तन है।
उत्तर :- ...........असत्य...................
(c) मोमबत्ती का जलना रासायनिक परिवर्तन है।
उत्तर:- ...........सत्य...................
(d) भाप का ठंडा होकर बूंदों में परिवर्तित होना भौतिक परिवर्तन नहीं है।
उत्तर:- ...........असत्य...................
4. निम्नलिखित परिवर्तनों में से भौतिक एवं रासायनिक परिवर्तन तालिका में लिखिए -
(प्रकाश संश्लेषण, पानी में शक्कर घोलना, कोयले का जलना, मोम का पिधलना, भोजन का पाचन, कांच का टूटना)
उत्तर :- 


5. दिए गए कथनों के रिक्त स्थानों को नीचे दिए गए शब्दों की सहायता से भरिए -
(भौतिक परिवर्तन, नया पदार्थ, रासायनिक परिवर्तन, उत्क्रमणीय, जंग)
(a) बगीचों में खुले रखे लोहे की बेंचों में जंग लग जाता है। यह एक रासायनिक परिवर्तन है, क्योंकि इसमें एक नया पदार्थ  बनता है।
(b) चीनी को पानी में घोलना  भौतिक  परिवर्तन है।
(c) भौतिक परिवर्तन सामान्यतः   उत्क्रमणीय   होते हैं।

6. दूध से दही में परिवर्तन के सम्बन्ध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सत्य है -
(1) इसका रंग परिवर्तित नहीं होता है।.....सत्य
(2) इसके स्वाद में परिवर्तन हो जाता है।.....सत्य
(3) दही से दूध को पुनः प्राप्त नहीं किया जा सकता है।...सत्य
(4) यह द्रव से ठोस में बदल जाता है।.....असत्य

उपरोक्त के आधार पर नीचे दिए गए विकल्पों में से सही विकल्प चुनिए-
(a) कथन 1 व 2 सही है
(b) कथन 1 व 3 सही है
(c) कथन 1.3 व 4 सही है.
(d) कथन 1 व 4 सही है
(e) कोई विकल्प पूर्णतया सत्य नहीं है।.....सत्य

7. मोम का पिघलना एक भौतिक परिवर्तन है, जिसमें मोम ठोस से द्रय अवस्था में बदल जाता है। आसपास होने वाले इसी प्रकार के दो उदाहरण लिखिए -
उत्तर :- 1- सफोटो क्रोमैटिक चश्मा धूप में रंगीन तथा छाया में रंगहीन हो जाता है।
2- नेप्थलीन बाॅल खुले में रखने पर ठोस से वाष्प में बदल जाता है।
8. समझाइये कि लकड़ी का जलना एवं लकड़ी को दो भागों में काटना दो भिन्न प्रकार के परिवर्तन क्यों है?
उत्तर  :- 1-लकड़ी का जलना रासायनिक परिवर्तन है क्योंकि यह राख में बदल जाती है
2- जबकि लकड़ी काटना भौतिक परिवर्तन है क्योंकि केवल आकार में परिवर्तन हुआ है।

9. जब कार्बन डाईऑक्साइड को चूने के पानी में प्रवाहित किया जाता है, तो चूने का पानी दूधिया हो जाता है। ऐसा क्यों होता है? निम्नलिखित समीकरण को पूरा करें।

उत्तर :-

10. बताइए कि निम्नलिखित कथन सत्य है अथवा असत्य -
1. पत्तियों से खाद का बनना एक रासायनिक परिवर्तन है। (सत्य)
2. लकड़ी के लते को टुकड़ों में काटना एक रासायनिक परिवर्तन है। (असत्य)
3. आयरन और जंग एक ही पदार्थ है।(असत्य)
4. भाप का संघनन एक रासायनिक परिवर्तन है।(असत्य)
5. चावल का पकना एक भौतिक परिवर्तन है।(असत्य)

11. निम्नलिखित के दो-दो उदाहरण लिखिए -
उत्तर :- 


12. निम्नलिखित कथनों को ध्यानपूर्वक पढ़कर सही विकल्प चुनिए।
कथन 1-किसी पदार्थ के विलयन से शुद्ध क्रिस्टल प्राप्त करने की प्रक्रिया क्रिस्टलीकरण कहलाती है।

कथन 2-क्रिस्टलीकरण भौतिक परिवर्तन का उदाहरण है।
(a) सिर्फ कथन 1 सत्य है।
(b) सिर्फ कथन 2 सत्य है।
(c) दोनों कथन सत्य है।  [✓]
(d) दोनों कथन असत्य है।

13. निम्नलिखित में से क्रिस्टलीकरण द्वारा किन पदार्थों का शुद्ध रूप प्राप्त किया जाता है?
(a) फिटकरी
(b) नमक
(c) कॉपर सल्फेट
(d) ये सभी [✓]




























।।।

कक्षा 7 विज्ञान भारती-II अभ्यास कार्यपुस्तिका संपूर्ण हल

 उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा परिषद्
विज्ञान भारती-II
कक्षा 7
अभ्यास कार्यपुस्तिका



क्र०सं०       इकाई का नाम 
1.     👉मानव, विज्ञान और प्रौद्योगिकी
2.     👉रेशों से वस्त्र तक
3.     👉पदार्थ की संरचना एवं प्रकृति
4.     👉भौतिक एवं रासायनिक परिवर्तन
5.     ऊष्मा एवं ताप
6.     पौधों में पोषण
7.     जन्तुओं में पोषण
8.     जीवों में श्वसन
9.     जन्तुओं एवं पौधों में परिवहन
10.   जीवों में उत्सर्जन
11.    पौधों में जनन
12.    लाभदायक एवं हानिकारक पौधें तथा जन्तु
13.    भोजन, स्वास्थ्य व रोग
14.     ध्वनि
15.     ऊर्जा
16.     प्रकाश
17.     बल एवं यंत्र
18.     स्थिर विद्युत
19.     जल
20.     वायु
21.     कम्प्यूटर

इकाई 3 पदार्थ की संरचना एवं प्रकृति कक्षा 7 अभ्यास कार्य पुस्तिका विज्ञान भारती ।।

कक्षा 7 अभ्यास कार्य पुस्तिका 
विज्ञान भारती ।।
इकाई 2
रेशों से वस्त्र तक

    बच्चों जिस लकड़ी की मेज पर तुन बैठते हो यह क्या है? क्या वह पदार्थ है ? पदार्थ (द्रव) वह होता है जो स्थान घेरता है, जिसमें भार होता है और जिसका अनुभव हम अपनी इन्द्रियों (नाक, त्वचा, जीभ, आंख कान) द्वारा कर सकते हैं। पदार्थ की तीन अवस्थाएँ - ठोस, द्रव व गैस होती है। वयु (हवा) को हम आंखों द्वारा नहीं देख सकते परन्तु उसका अनुभव हम हिलते हुए पत्तों को देख कर सकते है. आओं अब इसको हम एक प्रयोग द्वारा समझते हैं।
1. एक पतली सी लकड़ी की डंडी के सिरों पर एक तरफ पिचका हुआ तथा दूसरी तरफ फूला हुआ गुब्बारा धागे की सहायता से बांधकर लटकाइए। डंडी के बीचो-बीच एक धागा और लगाइए जैसे तराजू को बनाते हैं. देखिए क्या होता है। अब नीचे लिखे हुए प्रश्नों का उत्तर दीजिए।

(अ) क्या हया में भार है?..........हाँ.......... (हीं/नहीं)
(ब) क्या हवा स्थान घेरती है ?........हाँ........ (हाँ/नहीं)

2. अपने आसपास की वस्तुओं को ठोस, द्रव और गैस के आधार पर वर्गीकृत कीजिए -
उत्तर :- (विद्यार्थी अपनी इच्छा अनुसार वस्तुएं लिख सकते हैं।)

3. सामान्यतः पदार्थ की तीन अवस्थाएँ होती हैं, ठोस, द्रव तथा गैस। इन तीनों अवस्थाओं में इनके अणुओं के मध्य एक आकर्षण बल कार्य करता है जिसे अंतरा आणविक बल कहते हैं। यह बल ठोस में सबसे अधिक, द्रव में उससे कम तथा गैस के अणुओं में सबसे कम होता है।

आओ करके सीखें
आवश्यक सामग्री- कांच अथवा प्लास्टिक या पारदर्शी कटोरी, गिलास, भगोना, पत्थर, पानी तथा धूपबत्ती आदि।
चित्र A के अनुसार एक छोटे पत्थर के टुकड़े को कटोरी, गिलास तथा कटोरे में बारी-बारी से रखने हैं।
(अ) क्या ऊपर दिये गये चित्र में ठोस (पत्थर) का आकार या आयतन बदलेगा? (हाँ/नहीं) और त्यों?

उत्तर- नहीं, क्योंकि ठोस(पत्पर) अवस्था में अंतरा आणविक बल बहुत अधिक होता है, जो अणुओं को आपस में में बाँधे रखेंगे, जिससे पत्थर का आकार या आयतन नहीं बदलेगा।

अब चित्र B के अनुसार तीनों बर्तनों में पानी भरते हैं।
(ब) क्या द्रव (जल) का आकार तथा आयतन बदलता है? (हाँ / नहीं) और क्यों ?
उत्तर  :- हाॅं। द्रव (जल) में अंतरा आणविक बल ठोस की अपेक्षा कम होता है जिससे द्रव (जल) के अणु अपनी सीमा में रहते हुए गति कर सकते है, जिससे जल की आकृति बदलती है परन्तु आयतन नहीं बद‌लता।

अब चित्र C के अनुसार तीनों बर्तनों में बारी-बारी से जलती हुई धूपबत्ती रखते हैं।
(स) क्या धुंआ (गैस) के आकार या आयतन में कोई परिवर्तन होगा ? (हाँ/नहीं) और क्यों ?
उत्तर- हाँ, कृयोंकि धुंआ (गैस) के अणुओं के मध्य अंतरा आणविक बल का मान नगण्य (सबसे कम) होता है जिससे धुंआ (गैस) के अणुओं बीच दूरी बहुत अधिक होने के कारण इसकी आकृति व आयतन दोनों (अनिश्चित है) में परिवर्तन होगा।
4. नीचे दिए गए गोलों में बिंदी चिपकाइये और बताइए कि यह गतिविधि क्या दर्शाती है -
उत्तर :- (विद्यार्थी चित्रानुसार स्वयं बिंदी चिपकाएं और क्रमशः चित्र पर ठोसकण, द्रव कण और गैस कण लिखें।)

5. परमाणु, पदार्थ (द्रव्य) का सूक्ष्मतम कण होता है जो स्वतंत्र नहीं रह सकता। अधिकतर दो या दो से अधिक परमाणु मिलकर परमाणुओं का समूह बनाते हैं जिन्हें अणु कहते हैं। जैसे-जल. नमक आदि ।

    तत्व में केवल एक ही प्रकार का परमाणु होते हैं जैसे- लोहा, तांबा, चांदी आदि। एक ही तत्व के दो या दो से अधिक परमाणु मिलकर उसी तत्व का एक अणु बनाते हैं जैसे- ऑक्सीजन, हाइड्रोजन। कई तत्व ऐसे भी होते हैं, जिनके एक अणु में केवल एक परमाणु होता है। जैसे-हीलियम, नियॉन। दो या दो से अधिक तत्व निश्चित अनुपात में मिलकर यौगिकों का निर्माण करते हैं तथा अनिश्चित अनुपात से मिलकर मिश्रण का निर्माण करते हैं। जैसे जल, नमक आदि।
उत्तर :- 
(अ) ऊपर दिए गए चित्रों में कौन-सा चित्र H₂हो सकता है?..........B...........

(ब) ऊपर दिए गए चित्र में कौन-सा चित्र NH, हो सकता है?..........C...........

(स) नीचे दिए गए चित्रों के अणुओं को देखकर बॉक्स में उनका फॉर्मूला बनाइए।
उत्तर :-

6. रासायनिक सूत्रों को पूर्ण कीजिए : - 

इकाई 2 रेशों से वस्त्र तक कक्षा 7 अभ्यास कार्य पुस्तिका विज्ञान भारती ।।

कक्षा 7 अभ्यास कार्य पुस्तिका 
विज्ञान भारती ।।
इकाई 2
रेशों से वस्त्र तक 


1. वरत्र की सबसे छोटी इकाई तन्तु कहलाती है। रेशों/ तन्तु के प्रकार नीचे दिए गये बॉक्स में दर्शाइये -
उत्तर :- 

2.  जंतु और पादप रेशों के उदाहरण लिखिए-
उत्तर :- 

3. भेड़ के बाल से ऊन प्राप्त करने के निश्चित क्रम को बॉक्स में क्रम से भरिए -
उत्तर :- 

4. नीचे दी गई सामग्रियों के प्राप्त होने वाले भाग से मिलान कीजिए - 
उत्तर :- 

5. निम्नलिखित सामग्रियों से बनने वाली कर उत्पादन के नाम लिखिए -
उत्तर :-


























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